Jamshedpur (Jharkhand): जमशेदपुर में टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन का माहौल एक बार फिर गरमा गया है। यूनियन के भीतर सियासी हलचल तेज हो गई है। टाटा मोटर्स के पूर्व कर्मचारी और समाजसेवी बंटी सिंह ने यूनियन के महामंत्री आरके सिंह के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल दिया है। यह विवाद अब थाने तक पहुंच गया है।
जानकारी के अनुसार, आरके सिंह ने टेल्को थाना में बंटी सिंह के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि बंटी सिंह ने उन्हें “देख लेने” की धमकी दी है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
जांच के सिलसिले में गुरुवार को पुलिस ने बंटी सिंह को थाना बुलाया था। इस दौरान बंटी सिंह दर्जनों समर्थकों और मजदूरों के साथ टेल्को थाना पहुंचे। थाना परिसर के बाहर उनके समर्थकों ने नारेबाजी भी की।
बंटी सिंह ने पुलिस के सामने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में उन्होंने “देख लेने” की बात न्यायिक प्रक्रिया के संदर्भ में कही है। उनका कहना है कि इसका मतलब लेबर कोर्ट और अन्य वैधानिक मंचों पर आवेदन देने से है, न कि किसी प्रकार की धमकी से।
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बंटी सिंह ने आरोप लगाया कि आरके सिंह मजदूरों के हितों में काम नहीं कर रहे हैं और उनके कार्यकाल में मजदूरों की सुविधाओं में कटौती की गई है। उन्होंने कहा कि यूनियन का मूल उद्देश्य मजदूरों के अधिकारों की रक्षा करना होता है, लेकिन मौजूदा नेतृत्व इसके विपरीत काम कर रहा है।
गौरतलब है कि सोशल मीडिया पर जारी वीडियो के जरिए बंटी सिंह ने आरके सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि यूनियन के कार्यकाल के दौरान मजदूरों की आवाज उठाने वाले नेताओं को निशाना बनाया गया और कुछ लोगों को नौकरी तक गंवानी पड़ी। बंटी सिंह का आरोप है कि यूनियन की आड़ में मजदूरों के अधिकारों का दमन किया जा रहा है।
मामले को लेकर बंटी सिंह और उनके समर्थक टेल्को थाना पहुंचे और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग की। इस टकराव के बाद औद्योगिक क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी और तेज हो गई है।




