पटना : कांग्रेस सांसद राहुल गांधी द्वारा हाल में दिए गए एक बयान ने राजनीतिक माहौल को गर्म कर दिया है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि देश में बड़े पैमाने पर फर्जी मतदान (Fake Voting) हो रहा है और इस प्रक्रिया में चुनाव आयोग तथा केंद्र की मोदी सरकार की भूमिका की जांच होनी चाहिए।
कांग्रेस के झारखंड के अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष रईस रिज़वी छब्बन ने दावा किया है कि राहुल गांधी ने “लोकतंत्र और संविधान को कमजोर करने की कोशिशों को बेनकाब किया है।” उन्होंने कहा कि यदि एक ही व्यक्ति कई बूथों पर अलग-अलग नाम से वोट डालता है तो पोलिंग एजेंट के पास इसे रोकने का कोई प्रभावी तरीका नहीं होता।
रईस रिज़वी ने कहा कि राहुल गांधी द्वारा लगाए गए आरोपों पर क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मानहानि का केस करेंगे? रईस रिजवी का कहना है कि आरोप सबूतों के साथ लगाए गए हैं, इसलिए उन्हें सिर्फ “झूठ” या “दलील” कहकर नकारा नहीं जा सकता।
उन्होंने युवाओं से लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए शांतिपूर्ण आंदोलन चलाने की अपील की। बीजेपी और चुनाव आयोग की ओर से इन आरोपों पर अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।




