Jamshedpur (Jharkhand) : कदमा मरीन ड्राइव के पास प्रस्तावित जगन्नाथ मंदिर और आध्यात्मिक केंद्र के शिलान्यास को लेकर जमीन विवाद गहरा गया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु (President Jamshedpur Visit) 26 फरवरी को जिस भूमि पर भूमि पूजन और शिलान्यास करने वाली हैं, उसे लेकर झारखंड मूलवासी अधिकार मंच ने दावा किया है कि यह जमीन स्थानीय रैयत हेम महतो की है और इसे नियमों के विपरीत आवंटित (President Jamshedpur Visit) किया गया है।
मंच के मुख्य संयोजक हरमोहन महतो का कहना है कि करीब दो एकड़ नौ डिसमिल जमीन पहले अधिग्रहित की गई थी, लेकिन बाद में इसे टाटा लीज से बाहर कर दिया गया। नियम के मुताबिक, यदि जमीन का उपयोग नहीं होता है तो उसे मूल रैयत को वापस किया जाना चाहिए। आरोप है कि प्रशासन ने ऐसा करने के बजाय मात्र एक रुपये में यह जमीन मंदिर निर्माण के लिए ट्रस्ट को दे दी, जो कानून का उल्लंघन है।
बताया जा रहा है कि यह आवंटन उस समय हुआ था जब द्रौपदी मुर्मु झारखंड की राज्यपाल थीं। अब राष्ट्रपति के कार्यक्रम से पहले इस मुद्दे ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है।
विस्थापितों के अधिकारों की अनदेखी का आरोप
मूलवासी अधिकार मंच ने टाटा कंपनी के लीज नवीनीकरण पर भी सवाल उठाए हैं। मंच का कहना है कि वर्षों से विस्थापित परिवार अपने अधिकारों के लिए भटक रहे हैं, लेकिन उन्हें न्याय नहीं मिला। डीसी कर्ण सत्यार्थी को ज्ञापन सौंपकर लीज प्रक्रिया में अनियमितता और रैयतों की अनदेखी की शिकायत की गई है।
आंदोलन की चेतावनी
मंच ने साफ कहा है कि यदि जमीन रैयतों को वापस नहीं की गई और निष्पक्ष जांच नहीं हुई, तो बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा। संगठन पहले भी डीसी ऑफिस के बाहर धरना-प्रदर्शन करता रहा है और अब फिर से आंदोलन तेज करने की तैयारी में है।
26 फरवरी को राष्ट्रपति का कार्यक्रम
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु 26 फरवरी को जमशेदपुर पहुंचेंगी, जहां वह जगन्नाथ आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक चैरिटेबल सेंट्रल ट्रस्ट के नए आध्यात्मिक केंद्र और मंदिर का शिलान्यास करेंगी। यह केंद्र युवाओं के सशक्तिकरण, सांस्कृतिक शिक्षा और शोध गतिविधियों के लिए विकसित किया जाएगा।
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चार साल में पूरा होगा निर्माण
ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी के अनुसार, मंदिर निर्माण में करीब चार साल लगेंगे। हालांकि, आध्यात्मिक केंद्र को जल्द तैयार करने की योजना है ताकि शहरवासियों को शीघ्र लाभ मिल सके। राष्ट्रपति के आगमन को लेकर कार्यक्रम की तैयारियां तेज कर दी गई हैं।




