Jamshedpur : बर्मामाइंस पार्किंग ( Burmamines Parking) में मेडिकल जांच और पार्किंग शुल्क के नाम पर हो रही अवैध वसूली के खिलाफ गुरुवार को जमशेदपुर लोकल ट्रेलर ओनर यूनियन के बैनर तले सैकड़ों ट्रक ड्राइवरों ने पार्किंग गेट जाम कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। गेट पर जाम लगने से सभी ट्रेलर और भारी वाहनों की आवाजाही घंटों तक ठप रही, जिससे कंपनी के संचालन पर भी असर पड़ा।
Burmamines Parking के ड्राइवरों का कहना है कि 1 दिसंबर से 250 रुपये मेडिकल टेस्ट के नाम पर जबरन वसूले जा रहे हैं, जबकि इसका कोई सरकारी नियम नहीं है। इसके अलावा पार्किंग शुल्क भी 150 से 200 रुपये तक बढ़ा दिया गया है। ड्राइवरों ने बताया कि करीब 8000 ड्राइवरों से यह राशि वसूली जा रही है, जो पूरी तरह गैरकानूनी है।
ड्राइवरों ने आरोप लगाया कि हर महीने ब्लड टेस्ट के नाम पर सिरिंज भरकर खून निकाला जाता है, जिससे कमजोर होने का खतरा रहता है, क्योंकि उन्हें अच्छी पौष्टिक सुविधा नहीं मिलती और रोजमर्रा का भोजन भी ढाबों पर निर्भर होता है।
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ड्राइवरों ने कहा कि इतनी गंभीर समस्या के बावजूद न तो विधायक और न ही सांसद स्थिति का जायजा लेने पहुंचे हैं। उन्होंने बताया कि टाटा स्टील ने माल भाड़ा नहीं बढ़ाया, लेकिन पार्किंग का चार्ज बढ़ा दिया है, जो ट्रक ड्राइवरों पर भारी आर्थिक बोझ बन गया है।
यूनियन के अध्यक्ष जयकिशोर सिंह के गंभीर आरोप
यूनियन अध्यक्ष जयकिशोर सिंह ने कहा कि मुद्दे को उठाने पर उन्हें प्रताड़ित किया गया और आठ महीने तक जेल में रखा गया, ताकि आवाज दबाई जा सके। उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी उनकी हत्या भी करा सकती है, लेकिन वह ड्राइवरों के हक के लिए संघर्ष जारी रखेंगे।
उनका कहना है कि ड्राइवरों पर 250 रुपये मेडिकल टेस्ट फीस की कोई औचित्य नहीं है और टेस्ट के दौरान जरूरत से ज्यादा खून लिया जाता है, जो गंभीर शोषण है। यूनियन ने चेतावनी दी कि गेट जाम तब तक जारी रहेगा जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता और अवैध वसूली बंद नहीं होती।




