Jamshedpur (Jharkhand) : जमशेदपुर के गोविंदपुर क्षेत्र में पिछले 48 घंटे से जलापूर्ति पूरी तरह ठप रहने से लोगों में भारी आक्रोश (Govindpur Water Supply) है। वाटर प्लांट बंद होने के कारण आसपास की 21 पंचायतों के करीब 22 हजार घरों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा (Govindpur Water Supply) है। इससे लगभग डेढ़ लाख की आबादी बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान हो गई है। हालात बिगड़ने पर मंगलवार को स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
जिला परिषद सदस्य परितोष सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में ग्रामीण और स्थानीय लोग गोविंदपुर पानी टंकी पहुंचे और बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि जिला प्रशासन और बिजली विभाग की लापरवाही के कारण आए दिन जलापूर्ति बाधित हो जाती है, लेकिन समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में कोई कदम नहीं उठाया जाता।
बताया जा रहा है कि हाल ही में आई आंधी के दौरान बिजली का तार टूट गया था। इसी वजह से वाटर प्लांट तक बिजली आपूर्ति बंद हो गई और प्लांट का संचालन ठप पड़ गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि 48 घंटे बीत जाने के बावजूद बिजली विभाग की ओर से मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया है।
जिला परिषद सदस्य परितोष सिंह ने कहा कि यदि बिजली आपूर्ति में फॉल्ट था तो उसे तुरंत ठीक किया जाना चाहिए था, लेकिन विभाग की उदासीनता के कारण हजारों लोग पानी संकट झेलने को मजबूर हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मंगलवार शाम तक जलापूर्ति बहाल नहीं हुई तो बुधवार को अन्ना चौक जाम कर बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
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इधर, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता सुनील कुमार ने कहा कि यह समस्या विभाग की नहीं बल्कि बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण उत्पन्न हुई है। उन्होंने बताया कि बिजली का तार टूटने से वाटर प्लांट को बिजली नहीं मिल पा रही है। इस संबंध में बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता से बात की गई है और उम्मीद है कि मंगलवार शाम तक समस्या का समाधान कर लिया जाएगा




